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मुख्य निर्वाचन आयोग विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की समय सीमा 6 माह बढ़ाए-उत्तम जायसवाल प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष,आप

 

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रायपुर। आम आदमी पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान जमीनी स्तर पर लोगों को परेशानी हो रही है व प्रक्रिया में भारी अनियमितता दिखाई दे रही है। पार्टी का मानना है कि वर्तमान समय सीमा अव्यावहारिक है और दूरस्थ आदिवासी क्षेत्रों में BLO द्वारा गणना प्रपत्रों का वितरण अभी भी अत्यंत धीमा है। ब्लॉक को पर्याप्त प्रशिक्षण नहीं मिला है, दिशा-निर्देश स्पष्ट नहीं हैं, और कई स्थानों पर अनावश्यक दस्तावेज़ माँगे जा रहे हैं, जिससे नागरिकों में भ्रम की स्थिति बनी हुई है। इस सम्बन्ध में पार्टी द्वारा हर जिले के कलेक्टर/जिला निर्वाचन अधिकारी के जरिए राज्य निर्वाचन अधिकारी, रायपुर (छत्तीसगढ़) को ज्ञापन देकर SIR में सुधार हेतु मांग की है।

उन्होंने कहा है कि विशेष गहन पुनरीक्षण की समय सीमा 4 दिसंबर तक रखी गयी है जो के बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के नाम पर निर्वाचन आयोग के जरिये जिन 12 राज्यो में इन्हें लागू करने कहा जा रहा है उसमें छत्तीसगढ़ भी शामिल है और अभी निकट भविष्य में कोई चुनाव नही है ये भाजपा के घोर विरोधी लाखो लोगों के वैधता को खत्म करने की एक साजिश है और पीछे से लाखों फर्जी वोटरों के नाम जोड़ने का एक बड़ा सडयंत्र नजर आ रहा है। इतने कम समय सीमा पर यह कार्य सम्पूर्ण नही हो सकता इसलिए निर्वाचन आयोग से मेरी मांग है कि इसकी समय सीमा अतरिक्त 6 माह बढ़ाई जाएं।

उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की राज्य निर्वाचन आयोग से मांग है कि आधार कार्ड स्वीकार करने में ब्लॉक की उलझन, महिलाओं और आदिवासी समुदाय के सीमित दस्तावेज़, 2003 की non-searchable मतदाता सूची के कारण नाम ढूँढने में आ रही मुश्किलें, दस्तावेज़ों की सूची व्यापक करने, स्पष्ट दिशानिर्देश जारी करने, searchable PDF उपलब्ध कराने और BLO द्वारा नि:शुल्क फोटो लिया जाये तथा डुप्लीकेट वोटर्स पर विशेष ध्यान देकर डुप्लीकेट वोटर्स नहीं हो इसकी चुनाव आयोग गारन्टी देवें।आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ प्रदेश के हर नागरिक के मताधिकार की रक्षा के लिए निरंतर संघर्ष करता रहेगा और हम किसी भी व्यक्ति को लोकतांत्रिक अधिकारों से वंचित नहीं होने देंगे।

 

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