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गौ तस्कर के आड़ में अराजकता फैलाना व मारपीट करने की घटना से आरंग सतनामी समाज आक्रोशित। 

थाना आरंग में एफआईआर दर्ज, सीएसपी अभिषेक झा ने निष्पक्ष जांच एवं सख्त कार्रवाई का दिया भरोसा। 

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आरंग क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गुदगुदा निवासी बालकुमार कुर्रे के साथ कथित गौरक्षकों द्वारा दिनांक 8 एवँ 9 मई के रात्रि दरमियान मारपीट, जातिसूचक गाली-गलौज, सामाजिक अपमान एवं सोशल मीडिया में वीडियो वायरल करने के मामले को लेकर सतनामी समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है। घटना के विरोध में सतनामी समाज आरंग के नेता परमानंद जांगड़े संजय चेलक पिंटू कुर्रे , रेखलाल पात्रे, राधा कृष्ण टंडन सतेंद्र चेलक दिवाकर जांगड़े ,शेखर नारंग , राजू मनहरे, अमर मांडले , विकास टंडन संजय टंडन पुरसोत्तम सोनवानी,लक्की कोशले ,प्रदीप जोशी ,राजेश बारले ,चुंडामणि गायकवाड़ , बलराम सोनवानी आर्यन जोशी ,गणेश बांधे ,टिकेश्वर गिलहरे ,जितेंद्र टंडन ,चंदन मांडले ,ललित ढीढ़ी ,लक्की डहरिया , उपेंद्र भारती ,ललित गायकवाड़,गणेशडहरिया ,

संतोष गेंद्रे,जितेंद्र नारंग ,विक्की टंडन देवेंद्र मैरिसा , डोमार भारद्वाज जीवराखन बांधे , उमेंद्र कुर्रे आदि सैकड़ो

सतनामी समाज आरंग के विशिष्ट जन पहुंचकर अपराध पंजीबद्ध कराया। 

परमानंद जांगड़े ने इस घटना को अराजकता फैलाने सामाजिक सौहाद्र बिगाड़ने सतनामी समाज के घृणा जैसी कुंठित मानसिकता करार देते हुए। पुलिस प्रशासन से कड़ी कार्यवाही की मांग करते हुये। आरोपियों के पुराने रिकार्ड की पतासाजी कर उनकी गुंडई और आतंक को ठीक करने गिरिफ्तार कर आरंग शहर में जुलूस निकालने की माँग किया है।

संजय चेलक पिंटू कुर्रे राधा कृष्ण टंडन ने थाना परिसर में मारपीट की घटना की निंदा कर कार्यवाही की मांग किया

 वही खबर वायरल होने पर समाज में आक्रोश फ़ैल गई देखते देखते लगभग तीन सौ से अधिक समाज के पदाधिकारी थाने पहुँचे कर ज्ञापन सौंपा।जिसमे दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग किया।

पीड़ित पक्ष बालकुमार कुर्रे, पिता बहुरसिंह कुर्रे, जाति सतनामी (अनुसूचित जाति), निवासी ग्राम गुदगुदा ने अपने शिकायत पत्र में बताया कि वे एक कृषक परिवार से संबंधित हैं तथा अपने घर में लगभग 10 से 15 गाय एवं भैंसों का पालन-पोषण करते हैं। उन्होंने बताया कि दिनांक 08 मई की मध्य रात्रि को चराई के बाद उनके कुछ पशु वापस नहीं लौटे थे। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि गांव के नाले के उस पार कुछ लोगों द्वारा पशुओं को ले जाते हुए पकड़ा गया है। सूचना मिलने पर वे अपने पशुओं की पहचान करने मौके पर पहुँचे।तभ तक पुलिस पहुँच चुकी थी गाड़ी में पशु को थाना आरंग लाया गया मैं अपने पशु को देखने पहुँचा की मौजूद गौरक्षक एवं गौसेवक बताने वाले व्यक्ति गोल्डी शर्मा निवासी रायपुर अभिजीत शर्मा विजय अग्रवाल आदि लोगो ने बिना किसी जांच एवं सत्यापन के उन्हें गौ-तस्कर एवं उनका सहयोगी समझकर हम सार्वजनिक रूप से अपमानित करना शुरू कर दिया। बालकुमार कुर्रे ने बताया कि पूछताछ के दौरान उनके द्वारा सामान्य ग्रामीण भाषा में “जानवर” शब्द का प्रयोग करने पर आरोपियों ने उन्हें “नीच”, “हिंदू समाज का कलंक” जैसे अमर्यादित एवं जातिसूचक शब्दों से संबोधित करते हुए गाली-गलौज की।आरोप है कि उक्त लोगों द्वारा पीड़ित के साथ धक्का-मुक्की एवं मारपीट भी की गई तथा डराया-धमकाया गया। इतना ही नहीं, पूरी घटना का वीडियो बनाकर जानबूझकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक सहित अन्य माध्यमों में वायरल कर दिया गया, जिससे पीड़ित एवं उनके परिवार की सामाजिक प्रतिष्ठा को गहरी ठेसपहुँची है तथा पूरा परिवार मानसिक रूप से आहत है।

घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित परिवार एवँ सतनामी समाज के जानकारी में आने पर उक्त घटना को लेकर पुलिस थाना आरंग में बड़ी संख्या में पहुँचे कर ज्ञापन सौंपा।

पुलिस प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की। समाज के सम्माननीय रेखलाल पात्रै उपेंद्र भारती सत्येंद्र चेलक ने आरोप लगाया कि कुछ असामाजिक तत्व गौ रक्षा के नाम पर कानून अपने हाथ में लेकर थाना और न्यायालय की भूमिका निभाने लग गए हैं। निर्दोष लोगों को प्रताड़ित कर रहे हैं तथा क्षेत्र में भय एवं अराजकता का वातावरण निर्मित कर रहे हैं।

मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएसपी अभिषेक झा ने स्वयं प्रकरण को संज्ञान में लेकर जांच प्रारंभ कराई। पुलिस प्रशासन द्वारा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 115(2), 126(2), 131, 352, 351(2), 356 एवं 3(5) तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की धारा 3(1) ( 10)के विविध प्रावधानों के अनुसार एफआईआर दर्ज की गई है।

सीएसपी अभिषेक झा ने समाज प्रतिनिधियों एवं पीड़ित परिवार को आश्वस्त करते हुए कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।

सतनामी समाज ने प्रशासन से आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, सोशल मीडिया में वायरल वीडियो की जांच कर उसे हटाने तथा पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है। समाज के लोगों ने चेतावनी दी कि यदि दोषियों के विरुद्ध शीघ्र कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो व्यापक आंदोलन किया जाएगा।

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