छत्तीसगढ़प्रमुख खबरें

मुआवजा, पुनर्वास के बाद ही मानिकपुर खदान की जनसुनवाई, उद्योग मंत्री ने एसईसीएल को दिए निर्देश

 

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

रायपुर। मानिकपुर ओपन कास्ट एक्सपेंशन परियोजना की प्रस्तावित जनसुनवाई को लेकर उद्योग मंत्री एवं कोरबा नगर विधायक लखन लाल देवांगन ने प्रभावित क्षेत्र के लोगों के हित में महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। उन्होंने एसईसीएल कोरबा के महाप्रबंधक से चर्चा कर स्पष्ट निर्देश दिया कि मुआवजा, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापना से जुड़े लंबित कार्यों का यथोचित निराकरण तथा काचांदी नाला डायवर्सन की प्रारंभिक निरीक्षण रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही जनसुनवाई आयोजित की जाए।
मानिकपुर ओपन कास्ट एक्सपेंशन परियोजना के तहत कोयला उत्पादन क्षमता को 5.25 एमटीपीए से बढ़ाकर 7.0 एमटीपीए किए जाने का प्रस्ताव है। इसके लिए 21 अगस्त 2026 को जनसुनवाई प्रस्तावित थी। मंत्री देवांगन ने प्रभावित लोगों की भावनाओं और उनके हितों को ध्यान में रखते हुए एसईसीएल अधिकारियों से अब तक की गई कार्रवाई और लंबित प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी ली।
बताया गया कि परियोजना से प्रभावित भिलाईखुर्द ग्राम में मार्च 2026 में किए गए सर्वे से संबंधित मुआवजा प्रकरणों के साथ पुनर्वास एवं पुनर्स्थापना से जुड़े कार्य अंतिम चरण में हैं। इन प्रकरणों का अभी निराकरण किया जाना बाकी है।
इसी तरह कुदरी ग्राम के पास काचांदी नाला डायवर्सन का मामला भी महत्वपूर्ण है। जल संसाधन विभाग द्वारा स्थल का निरीक्षण किया जाना है और नाला डायवर्सन के संबंध में प्रारंभिक निरीक्षण रिपोर्ट प्राप्त होना शेष है।
उद्योग मंत्री ने कहा कि प्रभावित क्षेत्र के लोगों के हितों से जुड़े सभी मामलों का समाधान किए बिना जनसुनवाई कराना उचित नहीं होगा। उन्होंने एसईसीएल अधिकारियों को निर्देशित किया कि मुआवजा, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापना से संबंधित कार्यों को अंतिम रूप से पूरा करने तथा जल संसाधन विभाग की निरीक्षण रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही लोक सुनवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए।
इन निर्देशों के बाद 21 अगस्त 2026 को प्रस्तावित जनसुनवाई को आवश्यक प्रक्रियाओं के पूर्ण होने तक स्थगित/आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। इससे प्रभावित ग्रामीणों को अपने लंबित मुआवजा एवं पुनर्वास संबंधी मामलों के निराकरण का अवसर मिलेगा।

Related Articles

Back to top button