छत्तीसगढ़ में फिर बढ़ेगी गर्मी की तपिश, 44 डिग्री तक पहुंच सकता पारा; बस्तर में राहत के संकेत

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी का असर लगातार तेज होता जा रहा है। प्रदेश के कई हिस्सों में पारा 43 डिग्री के पार बना हुआ है और मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने के संकेत दिए हैं। राजधानी रायपुर समेत मध्य छत्तीसगढ़ में ग्रीष्म लहर जैसी स्थिति बनने की आशंका जताई गई है, जबकि दक्षिण बस्तर के इलाकों में नमी वाली हवाएं कुछ राहत दे सकती हैं।
मौसम विभाग के अनुसार अगले दो-तीन दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में गर्म और शुष्क मौसम बने रहने के आसार हैं। हालांकि बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी युक्त हवाओं के असर से दक्षिणी जिलों में हल्के बदलाव की संभावना भी बनी हुई है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक प्रदेश के कुछ हिस्सों में अगले दो दिनों बाद हल्की बारिश, तेज हवाएं और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। कुछ क्षेत्रों में वज्रपात और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना भी जताई गई है। इससे गर्मी से आंशिक राहत मिल सकती है
पूर्वी भारत और दक्षिणी हिस्सों में सक्रिय द्रोणिका तथा महाराष्ट्र क्षेत्र में बने एंटी साइक्लोन के प्रभाव से फिलहाल तापमान में बढ़ोतरी के संकेत हैं। इसके चलते मध्य क्षेत्र में गर्म हवाओं का असर बना रह सकता है, जबकि 26 अप्रैल से दक्षिण बस्तर में मौसम बदलने की संभावना है। मौसम विभाग ने एक-दो पॉकेट में हीट वेव जैसी स्थिति बनने की चेतावनी दी है। दोपहर के समय बाहर निकलने में सावधानी बरतने, पर्याप्त पानी पीने और लू से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।
राजधानी में शनिवार को अधिकतम तापमान 44 डिग्री और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। दिन में गर्म हवाएं लोगों की परेशानी बढ़ा सकती हैं। प्रदेश में शुक्रवार को राजनांदगांव सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 44.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 20.5 डिग्री रहा। रायपुर में भी पारे में बढ़ोतरी दर्ज की गई और शनिवार को 44 डिग्री तक तापमान पहुंचने के आसार हैं।



