छत्तीसगढ़प्रमुख खबरें

झीरम कांड की सच उजागर करने सर्व आदिवासी समाज की पुनर्जांच की मांग का आम आदमी पार्टी करती है पूर्ण समर्थन- बल्लू राम भवानी, प्रदेश उपाध्यक्ष एवं प्रदेश प्रवक्ता, आप

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

रायपुर 19 सितम्बर 2026। आम आदमी पार्टी (AAP) छत्तीसगढ़ के प्रदेश उपाध्यक्ष और प्रदेश प्रवक्ता बल्लू राम भवानी ने 25 मई 2013 के भीषण झीरम घाटी कांड को लेकर सर्व आदिवासी समाज द्वारा NIA कोर्ट के फैसले को बिलासपुर हाई कोर्ट में चुनौती देने और पूरे षड्यंत्र की दोबारा निष्पक्ष जांच कराने के फैसले का पुरजोर समर्थन किया है। बल्लू राम भवानी ने कहा कि 13 साल बीत जाने के बाद भी घटना के पीछे की “राजनीतिक व आपराधिक साजिश” का बेनकाब न होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक है। झीरम घाटी कांड में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और सुरक्षाकर्मियों समेत दर्जनों लोगों की हत्या हुई थी। लेकिन सालों की जांच के बाद भी केवल निचली सतह के लोगों या कथित निर्दोष आदिवासियों को मोहरा बनाकर मुख्य साजिशकर्ताओं को छोड़ दिया गया। सर्व आदिवासी समाज की बैठक में उठे मुद्दों—जैसे कि 10 स्थानीय ग्रामीणों को गलत तरीके से फंसाया जाना और आत्मसमर्पित नक्सलियों को दिए गए लाभों के पुनर्मूल्यांकन की मांग बिल्कुल जायज है।

आप की मुख्य मांगें :

1. झीरम कांड सिर्फ एक नक्सली हमला था या इसके पीछे कोई गहरी राजनीतिक साजिश थी, इस पहलू की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। जब तक मास्टरमाइंड पकड़े नहीं जाते, तब तक शहीदों के परिवारों को न्याय नहीं मिलेगा।

2. बस्तर संभाग के जिन 10 ग्रामीणों को आरोपी बनाया गया है, उनके परिजनों के दावों को गंभीरता से लिया जाए। बस्तर के निर्दोष आदिवासियों को बलि का बकरा बनाना बंद होना चाहिए।

आम आदमी पार्टी मांग करती है कि राज्य व केंद्र सरकार एनआईए कोर्ट के फैसले के खिलाफ सर्व आदिवासी समाज की मांगों पर संज्ञान ले और झीरम घाटी कांड की नए सिरे से निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच सुनिश्चित करे।

Related Articles

Back to top button