रायपुर में महिला डॉक्टर से 51 लाख की ठगी:बिल्डर ने अधूरा छोड़ा मकान, दफ्तर बंद कर हुआ फरार; पुलिस ने शुरु की तलाश

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राजधानी रायपुर में मकान निर्माण के नाम पर सरकारी महिला डॉक्टर से 51 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पीड़ित डॉक्टर का नाम डॉ. स्नेहलता दास बताया जा रहा है।

डॉक्टर का आरोप है कि पूरी रकम लेने के बाद बिल्डर ने सिर्फ मकान का ढांचा खड़ा किया और निर्माण कार्य अधूरा छोड़कर अपना कार्यालय बंद कर फरार हो गया।
पीड़िता की शिकायत पर तेलीबांधा थाना पुलिस ने बिल्डर मोहित सोलंकी और उसके पिता गुलाब सिंह सोलंकी के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
राजधानी रायपुर में मकान निर्माण के नाम पर सरकारी महिला डॉक्टर से 51 लाख रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पीड़ित डॉक्टर का नाम डॉ. स्नेहलता दास बताया जा रहा है।
डॉक्टर का आरोप है कि पूरी रकम लेने के बाद बिल्डर ने सिर्फ मकान का ढांचा खड़ा किया और निर्माण कार्य अधूरा छोड़कर अपना कार्यालय बंद कर फरार हो गया।
पीड़िता की शिकायत पर तेलीबांधा थाना पुलिस ने बिल्डर मोहित सोलंकी और उसके पिता गुलाब सिंह सोलंकी के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बैंक लोन और जीवनभर की बचत लगाई
डॉ. दास के अनुसार, मकान निर्माण की कुल लागत 51,00,916 रुपये तय हुई थी।
इसके लिए उन्होंने भारतीय स्टेट बैंक से 45 लाख रुपये का होम लोन लिया, साथ ही अपनी जीवनभर की बचत और रिश्तेदारों से उधार लेकर कुल 51,31,887 रुपये बिल्डर को बैंक के माध्यम से भुगतान कर दिए।
ढांचा खड़ा कर बंद कर दिया काम
आरोप है कि पूरी राशि मिलने के बाद भी बिल्डर ने केवल भवन का ढांचा तैयार किया। प्लास्टर, ईंट का काम, फिनिशिंग और अन्य जरूरी निर्माण कार्य अधूरे छोड़ दिए।
इसके बाद कार्यालय बंद कर दिया गया और आरोपियों के मोबाइल फोन भी बंद हो गए। पीड़िता उनसे संपर्क नहीं कर सकी।



