छत्तीसगढ़प्रमुख खबरें

बालोद में अब किसानों को घर के पास मिलेगी खाद-बीज की सुविधा, जिले में 22 नई समितियां शुरू

 

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

बालोद। जिले के ग्रामीण अंचलों में कृषि सुविधाओं के सीधे विस्तार के लिए 22 नवीन सेवा सहकारी समितियों का औपचारिक आरंभ किया गया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने वर्चुअल माध्यम से इन समितियों की शुरुआत की, जिससे जिले की सहकारी व्यवस्था में एक नया ढांचा जुड़ गया है।

इस पहल का मुख्य उद्देश्य किसानों को खाद, बीज और वित्तीय लेन-देन के लिए उनके गांव के समीप ही स्थाई व्यवस्था उपलब्ध कराना है। बुधवार को आयोजित कार्यक्रम में जिले की सभी नई समितियों में मुख्यमंत्री के उद्बोधन का सीधा प्रसारण किया गया।

धान विक्रय प्रक्रिया को सुव्यवस्थित किया जाएगा

उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश भर में 525 नई समितियों के अस्तित्व में आने से सहकारिता अब सीधे किसानों के द्वार तक पहुंच रही है। इन समितियों के माध्यम से नकद ऋण, बचत काउंटर और माइक्रो एटीएम जैसी सुविधाएं मिलने से किसानों की बैंकों पर निर्भरता और भाग-दौड़ कम होगी। साथ ही, आगामी खरीफ सीजन में धान विक्रय की प्रक्रिया को भी इन नए केंद्रों के जरिए सुव्यवस्थित किया जाएगा।

इन जगहों पर इन समितियों ने कार्य करना शुरू कर दिया है

बालोद के कमरौद, सनौद, डुंडेरा, माहुद ‘अ’, सरेखा, तिलोदा, दरबारी नवागांव, खपरी, बम्हनी, ठेमा बुजुर्ग, सुरडोंगर, नलकसा, चिखली, भर्रीटोला, बिटाल, खलारी, चन्दनबिरही, पेंडरवानी, भुरकाभाट, खोलझर, झरनटोला एवं परसाडीह में इन समितियों ने कार्य करना शुरू कर दिया है।

केसीसी ऋण वितरण में पारदर्शिता आएगी

उप पंजीयक आरपी राठिया के अनुसार, इन केंद्रों के आरंभ होने से केसीसी ऋण वितरण और कृषि आदानों की आपूर्ति में पारदर्शिता आएगी। जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में हुए इस आयोजन ने क्षेत्र के किसानों के लिए स्थानीय स्तर पर बेहतर बैंकिंग और मार्केटिंग सुविधाओं के मार्ग खोल दिए हैं।

Related Articles

Back to top button